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ए मेरे वतन , E MERE VATAN | MAHENDRA SINGH CAMA

  ए मेरे वतन तुझपे अपनी जान लूटा दूँ और शान तिरंगे पे अपना खून बहा दूँ ये मुल्क मेरी जान, स्वाभिमान बता दूं ए मेरे वतन तुझपे अपनी जान लूटा द...

मेरे अक्ष पर तू छा गया , MERE AKSH PAR TU CHAA GAYA | महेंद्र कामा / MAHENDRA CAMA

 जाने कितनी बातों को  हम अपनी जुबान पर नहीं लाये  दिल में बहुत गिले थे तुमसे  पर तुमको नहीं बताए  तुम तक ग़म न पहुंचे  इसी कशमकश में खुशियों ...

भरा रहे जीवन खुशियों से ,BHARA RAHE JIVAN KHUSHIYON SE | महेंद्र कामा / MAHENDRA CAMA

  भरा रहे जीवन खुशियों से रौनक हो हर ओर  प्यार से भरा रहे हर दिन ऐसी हो हर भोर  खुल जाएं हर ओर रास्ते खुशहाली के सारे  घर में चमके समृद्धि स...

 

नारी शक्ति को वंदन , महिला दिवस | NARI SHAKTI KO VANDAN | महेंद्र कामा / MAHENDRA CAMA

सभ्यता सबको सिखाने वाली सारे जग को बनाने वाली नारी शक्ति को वंदन जग जननी को वंदन - 2 जग को राह दिखाने वाले पंचशील बताने वाले सच की रा...

जब तू आए सामने , JAB TU AAYE SAMANE | MAHENDRA CAMA

  जब तू आए सामने, ये दिल धड़कता है ये खींचता है तेरी ओर, जाने क्यों मचलता है जब भी तू आए सामने ये दिल धड़कता है और खींचता है तेरी ओर जान...